गुरु हरकिशन सिंह जी की पुण्यतिथि पर उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि : डॉ. अभिनव कपूर
डॉ. अभिनव कपूर ने कहा- गुरु श्री हरकिशन जी महाराज ने 30 मार्च 1664 में केवल 8 वर्ष की अल्पायु में दिल्ली में चेचक और हैजा महामारी से पीड़ित लोगों की सेवा करते हुए अपना सर्वोच्च बलिदान दिया था।

देहरादून। प्रसिद्ध जनसेवी, विख्यात शिक्षक, ज्ञान कलश सोशल वेलफेयर एंड एजुकेशनल सोसाइटी के अध्यक्ष एवं शिक्षा रत्न की उपाधि से सम्मानित डॉ. अभिनव कपूर ने सिखों के आठवें गुरु हरकिशन सिंह की पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए सादर नमन किया।
इस अवसर पर जारी अपने संदेश में शिक्षा रत्न डॉ. अभिनव कपूर ने कहा- सिखों के आठवें गुरु, श्री गुरु हरकिशन सिंह जी महाराज की पुण्यतिथि पर उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि एवं कोटिशः नमन।

जनसेवी डॉ. अभिनव कपूर ने गुरु हरकिशन के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि सिखों के आठवें गुरु, श्री गुरु हरकिशन साहिब जी का ज्योति ज्योत दिवस (पुण्यतिथि) 30 मार्च को मनाया जाता है। उन्होंने 30 मार्च 1664 में केवल 8 वर्ष की अल्पायु में दिल्ली में चेचक और हैजा महामारी से पीड़ित लोगों की सेवा करते हुए अपना सर्वोच्च बलिदान दिया था। उन्हें ‘बाल पीर’ के रूप में भी जाना जाता है।




